ग्रेटर नोएडा पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला लूटकांड का खुलासा: मुठभेड़ के बाद चार बदमाश गिरफ्तार, 15 लाख की लूट मामले में पुलिस को बड़ी सफलता

ग्रेटर नोएडा पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला लूटकांड में सूरजपुर पुलिस ने तिलपता गोलचक्कर के पास मुठभेड़ के बाद चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। दो बदमाश पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल हुए, जबकि दो अन्य को कांबिंग अभियान के दौरान दबोचा गया। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी है।

ग्रेटर नोएडा पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला लूटकांड: मुठभेड़ के बाद चार बदमाश गिरफ्तार, पुलिस ने 15 लाख की लूट का किया खुलासा
सूरजपुर, ग्रेटर नोएडा | UPNN विशेषांक
ग्रेटर नोएडा पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला लूटकांड का खुलासा करते हुए सूरजपुर थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार, पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला में महिला को चाकू की नोक पर बंधक बनाकर करीब 15 लाख रुपये के आभूषण और नकदी लूटने वाले चार आरोपियों को मुठभेड़ और कांबिंग अभियान के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस का कहना है कि आरोपियों के कब्जे से घटना से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं तथा मामले की विस्तृत जांच जारी है।
यह मामला 4 जुलाई की देर रात का है, जब सूरजपुर थाना क्षेत्र स्थित पैरामाउंट गोल्फ फॉरेस्ट विला में रहने वाली महिला के घर में एक अज्ञात व्यक्ति घुस गया। उस समय परिवार के अधिकांश सदस्य सो रहे थे। महिला के अनुसार, आरोपी ने चाकू दिखाकर उन्हें धमकाया और विरोध करने पर जान से मारने की चेतावनी दी। इसके बाद आरोपी घर में रखे सोने के आभूषण और नकदी लेकर फरार हो गया।
पीड़िता की शिकायत के अनुसार लूटे गए सामान में सोने की चेन, अंगूठियां, कानों के आभूषण, अन्य कीमती जेवर तथा लगभग 35 हजार रुपये नकद शामिल थे। कुल नुकसान करीब 15 लाख रुपये बताया गया। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया और पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
जांच के दौरान पुलिस को कई महत्वपूर्ण सुराग मिले। इसके आधार पर सूरजपुर थाना पुलिस संदिग्ध वाहनों की जांच कर रही थी। पुलिस के अनुसार, तिलपता गोलचक्कर के पास दिल्ली नंबर की एक संदिग्ध कार को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन कार सवार कथित आरोपियों ने वाहन रोकने के बजाय भागने का प्रयास किया और पुलिस टीम पर फायरिंग की।
पुलिस का कहना है कि आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की गई, जिसमें दो आरोपियों के पैर में गोली लगी। दोनों को मौके से हिरासत में लेकर अस्पताल भेजा गया। इसके बाद पुलिस ने आसपास के जंगल क्षेत्र में कांबिंग अभियान चलाया और दो अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया। चारों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, घटनास्थल से प्रयुक्त वाहन और अन्य साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं। बरामद सामग्री की फोरेंसिक जांच तथा आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी पड़ताल की जा रही है। यह भी जांच की जा रही है कि क्या इन आरोपियों का संबंध अन्य वारदातों से भी रहा है।
इस पूरे घटनाक्रम ने हाई-प्रोफाइल आवासीय सोसायटियों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि गेटेड सोसायटी होने के बावजूद इस प्रकार की घटना चिंता का विषय है। कई लोगों ने सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी प्रणाली को और मजबूत करने की मांग की है।
वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि घटना के बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपियों तक पहुंच बनाई गई और कम समय में पूरे गिरोह को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस का दावा है कि मामले में उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
कानूनी प्रक्रिया के तहत गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जाएगा। घायल आरोपियों का उपचार भी पुलिस निगरानी में जारी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि घटना की पूर्व योजना कैसे बनाई गई और क्या इसमें अन्य लोगों की भी भूमिका रही है।
फिलहाल यह मामला जांच के अधीन है। आगे की कार्रवाई और न्यायालय में प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार पर ही दोष तय होगा। UPNN इस मामले से जुड़े प्रत्येक आधिकारिक अपडेट को अपने पाठकों तक तथ्यात्मक और निष्पक्ष रूप से पहुंचाता रहेगा।